ग्वालियर में भी नल से प्रदूषित पानी
ग्वालियर: इंदौर में गंदा पानी पीने से दर्जनों मौतों और सैकड़ों लोगों के बीमार होने के बाद अब ग्वालियर में भी पानी की यही तस्वीर सामने आ रही है. नगर निगम ने शहर में अलग-अलग जगहों से पानी के सैंपल लिए, जिनकी जांच में 27 सैंपल में 33 तरह के बैक्टीरिया मिले हैं. साथ ही 56 स्थानों पर सीवर और पेयजल लाइन एक-दूसरे से मिली हुई पाई गईं, जहां क्रैक होने से पेयजल में सीवरयुक्त पानी सप्लाई हो रहा है. करीब 125 साल पुरानी ग्वालियर नगर निगम के पास पानी की शुद्धता जांचने के लिए अपनी लैब तक नहीं है. लोग घरों में मीटर लगाकर पानी का टीडीएस चेक करते हैं तो रोंगटे खड़े हो जाते हैं.
नलों से आ रहा गंदा पानी पीने के कारण लोगों को इसकी कीमत भी चुकानी पड़ रही है. शहर में रहने वाले एक युवक की हालत इतनी खराब हो गई उसे दिल्ली एम्स में भर्ती होना पड़ा. इंदौर कांड के बाद ग्वालियर में भी लोग गंदे और सीवरयुक्त पानी को लेकर भयभीत हैं. कई लोग बीमार भी हुए हैं. एक युवक को तो इलाज के लिए दिल्ली एम्स में भर्ती कराना पड़ा. ग्वालियर शहर में पानी की साफ है, इसका खुलासा खुद नगर निगम की जांच में हो गया है. इंदौर की घटना के बाद शहर के अलग-अलग स्थानों से पानी के सैंपल लिए गए थे. पहली जांच रिपोर्ट में सीवरयुक्त पानी घरों तक पहुंचने के प्रमाण मिले हैं. प्रयोगशाला में पानी के सैंपल टेस्ट में 27 स्थानों पर 33 तरह के बैक्टीरिया की मौजूदगी मिली है.
